Wednesday, 16 June 2010

more kee musibat

अब  तो  लगता  है  कि  धूप  मे  ही  नाचना  परेगा  हमे .....

4 comments:

माधव said...

good painting

pankaj mishra said...

हां सच ही कहा चुलबुली। आपकी बात सही होगी एक दिन। चाहते तो हैं कि न हो पर क्या करें। बहुत शानदार ड्राइंग बनाई है आपने। बधाई।
http://udbhavna.blogspot.com/

रावेंद्रकुमार रवि said...

मनभावन होने के कारण
"सरस पायस" पर हुई "सरस चर्चा" में
इन्हें देख मन गाने लगता!
शीर्षक के अंतर्गत
इस पोस्ट की चर्चा की गई है!

सैयद | Syed said...

चुलबुल ने तो बहुत सुन्दर मयूर बनाये हैं :)